संदेश

शायरी

कल खेल में, हम हों न हों, गर्दिश में तारे रहेंगे सदा, भूलोगे तुम, भूलेंगे वो, पर हम तुम्हारे रहेंगे सदा।

प्यार

प्यार क्या है , प्यार अपने पन का अहसास है फ़िक्र है , अपनों पर हक है ,कर्तव्य है बंधन है ,दिल से वफ़ा है क़र्ज़ है ,आत्मिक गहनता है गहराई है भावो में  । "शरीर नहीं ह्रदय का बंधन है प्रेम ,,

होली

होली का मतलब रंग गुलाल खेलना नहीं होता । होलिका दहन एक अलग त्यौहार है और धुलंडी ,रंग पंचमी ,रंग तेरस अलग त्यौहार है । ऐसा माना जाता है की जिस दिन होलिका जली उसी दिन से भक्ति की ...

वसन्त पंचमी

माँ शारदे का प्राकट्य दिवस एवं श्रष्ठि के निर्माण में माँ वागेश्वरी का अनुपम योगदान है। ब्रह्मा की संसार रचना में माँ सरस्वती ने अपनी सम्पूर्ण कलाएं एवम् अपने स्वर संसार को प्रदान कर संसार को वाणी प्रदान की। हिंदी संवत्सर में वसन्त का आगमन नवीनता के आगमन का संदेसा लाता है । सूर्य के उत्तराण् होते ही वसंतपंचमी प्रकृति में एक नवीन स्वरसा भर देती है। संसार में नविन ता फूलो का खिलाना ,और यह दिवस प्राचीन समय से ही वंतोत्सव के रूप में मनाया जाता रहा हा। जिसका उल्लेख हमारे संस्कृत साहित्य में मिलता है । कालिदास भास अदि के नाटको में भी इसक...